Saturday, 16 February 2019

पहला प्यार

क्यों पहला प्यार ही अकसर
टूटकर बिखर जाता है
कोई कितना ही चाहे किसी को
वो ही आधे रास्ते में
छोड़ कर चला जाता है
क्यों हम उसे
अपने सामने से जाते
बस देखते रहते हैं
टूट कर तो प्यार
पहले से बिखरा था
मगर छोड़ कर नजदीक से
अब जाते देखते हैं
लौटकर आने की
एक उम्मीद भी रखते हैं
उस से जुड़ी हर याद को
सम्भालकर सदा सिरहाने रखते हैं
क्यों इतनी बेकरारी से
हम उसका इन्तजार करते है
जिसने जाते वक्त एक दफा भी कभी
पलटकर कभी पीछे न देखा
उस से जुड़ी हर बात को
तब भी सीने में संजोकर रखते हैं


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